रूस की राजधानी मॉस्को मे कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण दशा हुई बदतर

 रूस की राजधानी मॉस्को मे कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण दशा हुई बदतर

 रूस की राजधानी मॉस्को (Moscow) में कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण ने दशा बदतर कर दिए हैं. यहां पर संक्रमितों का आंकड़ा 142,824 तक पहुंच गया है. जो देश की कुल संक्रमितों की संख्या का आधा है. 

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार कोरोना वायरस मॉस्को में तबाही मचाने के बाद अब दूरस्थ एवं बीमार क्षेत्रों में अपना पांव पसार रहा है. जो कि रूस की सरकार के लिए चिंताजनक स्थिति है.

रूस के 85 क्षेत्रीय प्रमुखों के साथ सोमवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने वार्ता की. उन्होंने बोला कि अब लोकल लोगों को तय करना होगा कि लॉकडाउन को अब भी जारी रखें की नहीं. अर्थव्यवस्था को फिर से खोलने के लिए सतर्क के साथ कुछ प्रतिबंधों के साथ इसमें ढील देनी चाहिए.

पुतिन ने बोला कि हमारा देश बहुत बड़ा है व विज्ञान के अनुसार महामारी का प्रभाव अलग—अलग क्षेत्रों में अलग तरह से है. अब बड़ी सावधानी से कदमों को बढ़ाना होगा. रूस के कई इलाकों तक यह महामारी अब तक फैल चुकी है. आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, अलास्का से लेकर बेरिंग जलसन्धि एवं पोलैंड व लिथुआनिया के बीच कैलिनिनग्राद एक्सक्लेव से लेकर रूस के लगभग सभी क्षेत्रों में महामारी पहुंच चुकी है.

मौत के आंकड़े को लेकर संदेह

रूस में कोरोना के आंकड़ों को लेकर मतभेद सामने आ रहे हैं. कुछ विशेषज्ञों का बोलना है कि रूस अपने असल आंकड़े छिपा रहा है. हालांकि यहां के अधिकारियों का बोलना है कि ये समाचार भ्रामक है.
रूस में ही कई संस्था संक्रमितों एवं मृतकों की संख्या को लेकर भिन्न-भिन्न आंकड़े पेश कर रहे हैं.

बढ़ रही है बेरोजगारी

रूस में बेरोजगारी लगातार बढ़ रहे हैं. महामारी के कारण बेरोजगारी के आधिकारिक आंकड़े दोगुना हो चुके हैं. स्वतंत्र पोलिंग फर्म लेवाडा ने अपने पोल में पाया कि हर चार में से एक शख़्स की जॉब जा चुकी है या जॉब जाने के संकट में है. एक तिहाई लोगों का वेतन कटा है या उनके कार्य के घंटे कम कर दिए गए हैं.