भारतीय स्टेट बैंक ATM पर 18 सितंबर से बदलने जा रहा है ये नियम

भारतीय स्टेट बैंक ATM पर 18 सितंबर से बदलने जा रहा है ये नियम

नयी दिल्लीः भारतीय स्टेट बैंक (State Bank of India) अपने मौजूदा एटीएम नेटवर्क (ATM Network) पर आगामी 18 सितंबर से कैश विड्रॉल (Cash Withdrawal) के नियमों में बड़ा परिवर्तन करने जा रहा है। बैंक ने बोला है इससे उसके एटीएम का इस्तेमाल करने वाले ग्राहकों के लिए कैश विड्रॉल करना व सुरक्षित होगा।  

यह लागू होगा नियम
बैंक ने बोला है कि अब 18 सितंबर से उसके सभी एटीएम पर किसी भी समय 10 हजार रुपये से अधिक की निकासी ओटीपी (One Time Password) के जरिए होगी, जो ग्राहक के एटीएम कार्ड से जुड़े रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर भेजा जाएगा। बैंक ने इसी वर्ष जनवरी में रात 8 बजे से प्रातः काल 8 बजे के दौरान ग्राहकों को यह सुविधा दी थी। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने बोला था कि अनधिकृत लेनदेन की संख्या को कम करने के लिए ओटीपी-वेरिफाइड एटीएम ट्रांजेक्शन की आरंभ की गई थी।  

सेवाओं का फायदा कौन उठा सकता है?
यह सुविधा उन लेनदेन के लिए लागू नहीं होगी, जहां एक स्टेट बैंक कार्ड धारक दूसरे बैंक के एटीएम से नकदी निकालता है। ऐसा इसलिए है क्योंकि यह कार्यक्षमता भारतीय स्टेट बैंक के अनुसार, राष्ट्रीय वित्तीय स्विच (NFS) में विकसित नहीं की गई है। एनएफएस देश का सबसे बड़ा इंटरऑपरेबल एटीएम नेटवर्क है व यह घरेलू इंटरबैंक एटीएम लेनदेन का 95 प्रतिशत से अधिक का प्रबंधन करता है।  

भारतीय स्टेट बैंक OTP सेवा पर नकदी कैसे निकालें?
एक बार जब कार्डधारक 10 हजार रुपये से ज्यादा की राशि निकालना चाहता है, तब एटीएम स्क्रीन पर एक ओटीपी विंडो प्रदर्शित होगी। इस ओटीपी विंडो में लेनदेन को पूरा करने के लिए ग्राहक को दर्ज़ मोबाइल नंबर पर प्राप्त ओटीपी दर्ज करना होगा। इसके बाद ही ग्राहक एटीएम से 10 हजार रुपये से अधिक की राशि को निकाल पाएगा। इसका मतलब ये है कि एटीएम पर पैसा निकालने के लिए ग्राहक के पास कार्ड के अतिरिक्त मोबाइल भी होना चाहिए, जिस पर उसको ओटीपी मिलेगा