अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने इसे खास बनाते हुए सैल्यूट टू अमेरिका प्रोग्राम का करवाया आयोजन

अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने इसे खास बनाते हुए सैल्यूट टू अमेरिका प्रोग्राम का करवाया आयोजन

 अमेरिका में बीते शुक्रवार यानी 3 जुलाई 2020 को ब्रिटेन से आजादी की 243वीं वर्षगांठ को धूमधाम से मनाया गया। अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने इसे खास बनाते हुए सैल्यूट टू अमेरिका प्रोग्राम का आयोजन करवाया। 

जिसके चलते वॉशिंगटन में 97 वर्ष पुराने लिंकन मेमोरियल के सामने परेड में पहली बार सैन्य ताकत का प्रदर्शन हुआ। इस दौरान बारिश भी हुई। इसके बावजूद 50 हजार से ज्यादा लोग शामिल हुए।

जंहा अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने इवेंट को सियासी रंग देने के बजाय इसे देश के गर्व से जोड़ दिया। उन्होंने कहा, "अमेरिका को इस विशेष सलामी के साथ, हम हमारे इतिहास का जश्न मनाया जा रहा है। हमें अपने योद्धाओं पर बेहद गर्व है। हम आज सेना के बहादुर पुरुषों एवं स्त्रियों को सम्मानित किया जाने वाला है। " जंहा इस बारें में ट्रम्प बोले, "देश आज ज्यादा मजबूत है व अमेरिकियों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है। हम मंगल पर भी झंडा फेराने वाले है। " इसी के साथ ट्रम्प ऐसे राष्ट्रपति बन गए, जिन्होंने 68 वर्ष बाद स्वतंत्रता दिवस पर सम्बोधन दिया। ट्रम्प से पहले 1951 में तत्कालीन राष्ट्रपति हैरी ट्रूमैन ने कोरियाई युद्ध के समय देश को संबोधित किया था। वह आजादी की 175वीं वर्षगांठ थी।

ट्रम्प गलत बोल गए- 1775 में ही सेना ने एयरपोर्ट पर अतिक्रमण कर लिया था: वहीं इस बात का पता चला है कि ट्रम्प सम्बोधन के दौरान बड़ी गलती का चुके है। उन्होंने बोला कि 1775 में महाद्वीपीय कांग्रेस पार्टी द्वारा बनाई गई सेना ने हमले कर एयरपोर्ट को कब्जे में ले लिया था। जबकि सच्चाई तो यह है कि उस वक्त हवाई जहाज भी नहीं बना था। इस गलती पर आलोचना हुई। इस पर ट्रम्प बोले- ये मेरी नहीं, टेलीप्रॉम्पटर की गलती है।