फेक न्यूज प्रसारित करने वालों पर सीएम योगी सख्त, बोले- संप्रदायिक उन्माद फैलाने की कोशिश नहीं स्वीकार

फेक न्यूज प्रसारित करने वालों पर सीएम योगी सख्त, बोले- संप्रदायिक उन्माद फैलाने की कोशिश नहीं स्वीकार

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इंटरनेट मीडिया पर दुष्प्रचार करने वालों के खिलाफ कठोरता से कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। गाजियाबाद में समुदाय विशेष के एक बुजुर्ग की पिटाई व दाढ़ी काटने का वीडियो वायरल कर इसे सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश को सीएम योगी ने गंभीरता से लेते हुए फेक वीडियो और फेक न्यूज का प्रसार करने वालों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सख्त लहजे में कहा है कि संप्रदायिक उन्माद फैलाने की एक भी कोशिश स्वीकार नहीं कि जाएगी।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कोविड-19 प्रबंधन के लिए गठित टीम-9 को विभिन्न दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान सीएम को बताया गया कि लगातार कोशिशों का नतीजा है कि ज्यादातर जिलों में संक्रमण के नए मामले नहीं मिल रहे हैं। कई जिलों में तो नए केस इकाई में आ रहे हैं। लखनऊ छोड़ शेष 74 जिलों में 300 से कम एक्टिव केस शेष हैं। विगत 24 घंटों में दो लाख 86 हजार 396 सैम्पल जांचे गए। इसी अवधि में संक्रमण के 310 नए केस सामने आए हैं और 927 मरीज कोरोना संक्रमण से मुक्त हुए हैं। वर्तमान में कुल 6,496 एक्टिव हैं। इसमें 3,920 लोग घर पर उपचाराधीन हैं। बीते 24 घंटों में कुल पॉजिटिविटी दर मात्र 0.1 फीसद रही, जबकि रिकवरी दर 98.3 फीसद हो गई है। प्रदेश में अब तक पांच करोड़ 41 लाख 45 हजार 947 सैम्पल टेस्ट हो चुके हैं। कोरोना महामारी के बीच अब तक 16 लाख 74 हजार 999 प्रदेशवासी कोविड संक्रमण से मुक्त हो चुके हैं।


सीएम योगी आदित्यनाथ ने निदेश दिया कि कोविड संक्रमण से बचाव के लिए प्रदेशवासियों को टीका-कवर प्रदान करने की प्रक्रिया और तेज करने की आवश्यकता है। ब्लॉक स्तर पर गांवों के अलग-अलग क्लस्टर बनाकर सघन टीकाकरण अभियान चलाया जाए। लोगों को ग्राम पंचायत भवन अथवा निकटतम सीएचसी पर ही वैक्सीनेशन की सुविधा दी जाए। उन्होंने कहा कि विदेश यात्रा पर जाने वाले ऐसे लोग, जिन्होंने कोविशील्ड वैक्सीन की पहली डोज प्राप्त कर ली है और 28 दिन का समय पूर्ण हो चुका है, वह दूसरी डोज लगवा सकते हैं। ऐसे लोगों के लिए जिला अस्पतालों में विशेष टीकाकरण बूथ बनाए जाएं। बीते 24 घंटों में 4,08,731 लोगों ने वैक्सीन लगाई गई। अब तक दो करोड़ 38 लाख से अधिक वैक्सीन डोज दिए जा चुके हैं। जबकि, अगस्त की समाप्ति तक 10 करोड़ लोगों को वैक्सीनेट करने का लक्ष्य है।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने निदेश दिया कि सामुदायिक स्वस्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) से जुड़े मार्गों को ठीक किया जाना चाहिए। बच्चों की स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से घर-घर मेडिकल किट वितरण का विशेष अभियान शुरू हो गया है। जिलों में स्थानीय जनप्रतिनिधियों के माध्यम से निगरानी समितियों को दवाइयों का पैकेट दिलाया जाए। लोगों को स्वास्थ्य सुरक्षा के प्रति जागरूक करें। अभियान के सुचारु क्रियान्वयन के लिए सतत मॉनीटरिंग की जाए। आक्सीजन प्लांट की स्थापना राज्य सरकार प्राथमिकता में है। यह सुखद है कि बीते 24 घंटे में 14 नए प्लांट शुरू हो गए हैं। इस तरह अब 99 प्लांट क्रियाशील हैं। शेष स्वीकृत प्लांट के संबंध में स्थापना की प्रक्रिया तेज की जाए।


सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि गाजीपुर जिले में गंगा नदी में लकड़ी के बक्से में नवजात बच्ची मिली है। सरकार बच्ची की देखभाल करेगी। नाविक द्वारा बालिका को बचाना मानवता का अनुपम उदाहरण है। प्रदेश सरकार उन्हें धन्यवाद ज्ञापित की करते हुए आवास की सुविधा देगी। सीएम योगी ने निर्देश दिया कि इसके अलावा अन्य पात्र सरकारी योजनाओं से भी उसे तत्काल लाभान्वित कराया जाए।


उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के कारण अनाथ हुए बच्चों के भरण-पोषण व शिक्षा-दीक्षा के प्रबंधन के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना में चार हजार रुपये मासिक सहायता राशि प्राप्त करने के लिए परिवार की न्यूनतम आय को दो लाख से बढ़ाकर तीन लाख किया जाए। यही नहीं, यदि बच्चे की माता जीवित हैं तो उन्हें निराश्रित महिला पेंशन व अन्य पात्र योजनाओं से भी लाभान्वित कराया जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि बाढ़ आने से पहले राहत संबंधी सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं। पीड़ितों ड्राई राशन जिस पैकेट में दें, उसकी गुणवत्ता भी अच्छी हो। आपदा से पीड़ित लोगों को 24 घंटे के भीतर स्थानीय जनप्रतिनिधियों के हाथों सहायता राशि दी जाए।


गोरखपुर में बोले सीएम योगी, देश को संकट से उबारने के लिए है RSS की पहचान

गोरखपुर में बोले सीएम योगी, देश को संकट से उबारने के लिए है RSS की पहचान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पहचान देश को संकट से उबारने वाले संगठन की है। संघ ने हमेशा ही देश और समाज को जोड़ने का कार्य किया है। जब देश पर कोई संकट आया है, संघ के स्वयंसेवक उसे दूर करने के लिए सबसे पहले आगे आए हैं। इसलिए हर मंच से देश के विकास में संघ की भूमिका तारीफ की जानी चाहिए। मुख्यमंत्री गोरखपुर में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गुरु पूजन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।

आरएसएस के गुरु पूजन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने देश के विकास में संघ की भूमिका पर की चर्चा

कोरोना के देशव्यापी संकट की चर्चा करते हुए उससे पार पाने में मुख्यमंत्री ने संघ के योगदान को याद किया। कहा कि कोरोना की पहली और दूसरी दोनों लहर के दौरान संघ के स्वयंसेवक जरूरतमंदों तक पहुंचे और हर स्तर पर उनकी सेवा की। यहां तक कि राशन, दवा आदि का इंतजाम भी किया। क्वारंटाइन सेंटर बनाकर संक्रमितों की सेवा की। आधे घंटे के संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने पाकिस्तान में हिंदुओं की हो रही दुर्दशा की चर्चा भी की। कहा कि वहां खासतौर से दलितों को प्रताड़ित करने की लगातार सूचनाएं आ रही हैं। इसे लेकर उन्होंने विपक्ष पर भी निशाना साधा।


देश और समाज को जोड़ने का काम कर रहा संघ, कोरोना काल में पेश की सेवा की मिसाल

कहा कि ऐसे मामलों में विपक्ष की खामोशी समझ में नहीं आती। उन्होंने विपक्ष को ऐसी देशद्रोही भावना से उबरने की सलाह दी। इस अवसर पर उन्होंने स्थापना काल से संघ के महत्व और योगदान पर भी प्रकाश डाला। कार्यक्रम में स्वयंसेवकों ने पूरे विधि-विधान से गुरुपूजा की। अंत में प्रसाद का वितरण भी हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रांत संघचालक पृथ्वीराज सिंह ने की । इस अवसर पर प्रांत प्रचारक सुभाष, सह प्रांत संघचालक डा. महेंद्र अग्रवाल, आत्मा सिंह, प्रांत संपर्क प्रमुख अरुण प्रकाश मल्ल, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष डा. धर्मेंद्र सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह, विधायक फतेह बहादुर, विपिन सिंह आदि मौजूद रहे।


जल्द मिलेगा भव्य राम मंदिर में दर्शन का अवसर

अयोध्या में जन्मभूमि पर बन रहे भव्य राम मंदिर का भी मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में जिक्र किया। कहा कि मंदिर निर्माण की दिशा में तेजी से कार्य हो रहा है। जन्मभूमि पर जल्द भव्य मंदिर में रामलला का दर्शन के अवसर लोगों को मिलेगा। निश्चित रूप से यह मंदिर पूरी दुनिया के लिए आस्था का केंद्र बनेगा।


मंदिर पहुंच सीएम ने की गुरु आराधना

इसके पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार की दोपहर बाद गोरखनाथ मंदिर पहुंचे। वहां पहुंचकर उन्होंने सबसे पहले बाबा गोरखनाथ के दरबार में हाजिरी लगाई और फिर अपने गुरु ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ के समाधि स्थल पर जाकर उनका आशीर्वाद लिया। बुधवार की शाम उन्होंने मंदिर से जुड़ी संस्थाओं के जिम्मेदारी की बैठक बुलाई और जरूरी निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर में चल रहे निर्माण कार्य की प्रगति की भी जानकारी हासिल की उसमें बेहतरी को लेकर अपने सुझाव दिए। मुख्यमंत्री ने महायोगी गुरु गोरखनाथ विश्वविद्यालय के लोकार्पण समारोह की तैयारियों की समीक्षा भी की।