लंबे समय बाद साथ दिखे युवराज सिंह और एमएस धोनी, फैन्स बोले- परफेक्ट पिक्चर

लंबे समय बाद साथ दिखे युवराज सिंह और एमएस धोनी, फैन्स बोले- परफेक्ट पिक्चर

युवराज सिंह और महेंद्र सिंह धोनी भारतीय क्रिकेट के जाने-माने नाम हैं। दोनों ने मिलकर भारतीय टीम को कई मैच जिताए हैं। दोनों का ही करिश्मा था कि टीम इंडिया ने पहले 2007 टी-20 वर्ल्ड कप और फिर 2011 में वर्ल्ड कप अपने नाम किया और फैन्स को अनगिनत खुशियां दीं। कभी युवराज और धोनी अच्छे दोस्त हुआ करते थे, लेकिन बाद में टीम की कप्तानी को लेकर उनके रिश्ते में उतार-चढ़ाव भी आए। लेकिन अब कुछ तस्वीरें देखकर लगता है कि दोनों क्रिकेटर अब भी अच्छे दोस्त हैं। सोशल मीडिया पर दोनों की कई फोटो वायरल हो रही हैं, जिसमें दोनों को सोफे पर बैठकर आपस में बातचीत करते देखा जा सकता है। इस दौरान दोनों काफी खुश नजर आ रहे हैं।

दोनों क्रिकेटरों की मुलाकात का कारण तो अब तक नहीं पता चला है, लेकिन देखकर ऐसा लग रहा कि धोनी-युवराज कमर्शियल शूट में हिस्सा लेने के लिए आए थे। युवराज ने धोनी की कप्तानी में 104 वनडे मैच खेले और 3077 रन बनाए। इसमें उन्होंने 88.21 की स्ट्राइक रेट से छह शतक और 21 फिफ्टी जड़ीं। धोनी की ही कप्तानी में भारत ने 28 साल बाद 2011 वर्ल्ड कप अपने नाम किया था, जहां युवराज को गेंद और बल्ले से शानदार प्रदर्शन करने की वजह से 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' चुना गया था।


इस मैच में हुई राफेल नडाल की यह शानदार जीत

इस मैच में हुई राफेल नडाल की यह शानदार जीत

स्पेनिश दिग्गज राफेल नडाल ने अपने रिकॉर्ड 21वां ग्रैंडस्लैम पुरूष एकल खिताब जीतने की तरफ एक कदम और भी बढ़ा चुके है। नडाल ने मंगलवार को क्वार्टर फाइनल मुकाबले में डेनिस शापोवालोव को 4 घंटे के मैराथन मुकाबले में पांच सेट में हराकर 7वीं बार आस्ट्रेलियाई ओपन के सेमीफाइनल में हिस्सा ले लिया है। नडाल ने क्वार्टर फाइनल में 14वीं वरीयता प्राप्त शापोवालोव पर 6-3, 6-4, 4-6, 3-6, 6-3 से जीत हासिल कर ली है। पहले दो सेट में हावी रहने के  उपरांत तीसरे और चौथे सेट में पेट की गड़बड़ी की वजह से उनकी लय टूटी लेकिन निर्णायक सेट जीतकर उन्होंने अंतिम 4 में स्थान बना लिया है।

नडाल यहां सिर्फ एक बार 2009 में खिताब जीत सके हैं और बीते 13 में से 7 बार क्वार्टर फाइनल में हार चुके है। अब सेमीफाइनल शुक्रवार को होने वाला है यानी उन्हें दो दिन का विश्राम मिल जाएगा। सेमीफाइनल में उनका सामना 7वीं वरीयता प्राप्त माटियो बेरेटिनी से होने वाला है। विंबलडन के उपविजेता और 7वीं  रैंकिंग बेरेटिनी ने एक अन्य मैराथन मुकाबले में 17वीं वरीयता प्राप्त गेल मोनफिल्स को 6-4, 6-4, 3-6, 3-6, 6-2 से भी मात दी है। वह आस्ट्रेलियाई ओपन के सेमीफाइनल में पहुंचने वाले इटली के पहले खिलाड़ी बन चुके है। 

महिला वर्ग में मंगलवार को खेले गये दोनों क्वार्टर फाइनल मैच का निर्णय सीधे सेटों में किया गया है। दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी एश्ले बार्टी ने 21वीं वरीयता प्राप्त जेसिका पेगुला को 6-2, 6-0 से जबकि मेडिसन कीज ने फ्रेंच ओपन चैंपियन बारबोरा क्रेसीकोवा को 6-3, 6-2 से पराजित किया जा चुका है। बार्टी बीते  3 सालों में दूसरी बार आस्ट्रेलियाई ओपन के सेमीफाइनल में पहुंची है। कीज 7 वर्ष के उपरांत मेलबर्न पार्क में अंतिम 4 में पहुंची है। विंबलडन 2021 की चैंपियन बार्टी 1978 के उपरांत आस्ट्रेलियाई ओपन जीतने वाली पहली आस्ट्रेलियाई महिला बनने के प्रयास में लगी हुई है। अब उनका सामना मेडिसन कीज से होगा। बार्टी 2020 में सेमीफाइनल में सोफिया केनिन से हार गई थी।