अब भारत व फ्रांस एक साथ मिलकर करेगा ये काम

जी-7 सम्‍मेलन के लिए फ्रांस गए पीएम नरेंद्र मोदी ने वहां केसे द्विपक्षीय मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच कई अहम मामलों पर चर्चा हुई।

फ्रांस के राष्‍ट्रपति मैक्रों ने जम्‍मू-कश्‍मीर से नरेन्द्र मोदी सरकार द्वारा अनुच्‍छेद 370 हटाए जाने का समर्थन किया। उन्‍होंने बोला कि कश्‍मीर मामले पर किसी भी तीसरे देश के दखल की कोई आवश्यकता नहीं है। उन्‍होंने बोला कि यह हिंदुस्तान व पाकिस्‍तान का द्विपक्षीय मामला है। प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी व फ्रांसीसीके बीच हुई वार्ता की अहम बातें

1. हिंदुस्तान का लोकतंत्र शानदार है।
2. बहुत ज्यादा मुद्दों पर हम आगे बढ़ गए हैं, हमें अपनी साझेदारी को व आगे बढ़ाना है, वरुणा अभ्यास को आगे बढ़ाना है। स्‍पेस पर भी नया एग्रीमेंट किया है।
3. हम हिंदुस्तान के मिशन के लिए सहायता करेंगे , हम चंद्रयान के लिए शुभकामना देते हैं।
4. हम आतंकवाद पर साथ साथ मिलकर कार्य करते रहेंगे।
5. हमारा रक्षा योगदान शानदार है, हम मेक इन इंडिया को पूरा करेंगे।
6. पहला राफेल लड़ाकू विमान विमान हिंदुस्तान पहुंच जायेगा अगले महीने।
7. हम अपने प्यापार को व बढ़ाना चाहते हैं।
8. जैसे फ्रांस ने हिंदुस्तान को चुना है व वैसे ही हिंदुस्तान ने फ्रांस ने चुना है।
9. पुलवामा हमले पर हिंदुस्तान के प्रति सहानुभूति।
10 . कश्मीर हिंदुस्तान का द्विपक्षीय मुद्दा है, हम हमेशा ही शांति व वार्ता हो। मैं पाकिस्तान पीएम से बात करूंगा व कहूंगा कि द्विपक्षीय वार्ता से बात हो, कोई हिंसा की बात न हो।
11. जम्मू और कश्मीर के ऊपर मोदी जी से मेरी बात हुई है। उन्होंने जम्मू और कश्मीर के दशा के बारे में बताया कि मैंने बोला ये हिंदुस्तान व पाकिस्तान को मिलकर ही इसका हल निकलना है। कोई तीसरा देश इसमें हस्तक्षेप न करे। एक दूसरे के प्रति बहुत सम्मान है।

फ्रांस केसे द्विपक्षीय मीटिंग के बाद प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा-
1. हिंदुस्तान व फ्रांस का सम्बन्ध बहुत पुराना है।
2. मुझे खुशी है अगले महीने पहला राफेल लड़ाकू विमान विमान हमें मिलेगा।
3. हमारी दोस्ती सच्चाई पर टिकी है।
4. हिंदुस्तान व फ्रांस ने मिलकर कार्य किया है।
5. पहले विश्वयुद्ध में भारतीय सैनिकों का बलिदान याद किया जाता है।
6. आज फ्रांस हिंदुस्तान एक दूसरे के भरोसेमंद पार्टनर है, कठिनाइयों में साथ दिया है।
7. 2020 तक हमने कई लक्ष्य रखे हैं। हम स्किल, सिविल एविएशन, आईटी, रक्षा सम्बन्ध, मुझे प्रसन्‍नता है कि हम सभी पर आगे बढ़ रहे हैं। टूरिज्‍म में बढ़ोतरी हो रही दोनों राष्ट्रों में, 2021-2022 में फ्रांस में नमस्ते फ्रांस का आयोजन होगा जो फ्रांस के लोगों की रूचि बढ़ा देगा। योग फ्रांस में भी लोकप्रिय है।
8. ग्लोबल चैलेंज के लिए मैंने बोला था कि टेररिज्म से दोनों देश पीड़ित रहे हैं।