जलमित्र के द्वारा लोगों को किया जा रहा है जागरूक

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात कार्यक्रम में जल संरक्षण को लेकर अपील की थी l उनका कहना था कि जिस तरह देशवासियों ने स्वच्छता अभियान को एक आंदोलन बनाया, उसी तरह अब पानी की समस्या को भी एक आंदोलन के तौर पर देखना होगा l उनके आह्वान पर झारखंड राज्य भर में मुख्यमंत्री ने जल शक्ति अभियान पुरे राज्य में चलाने का निर्देश दिया है। देश भर में पानी के कमी वाले क्षेत्रों में पानी के संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए जल शक्ति अभियान शुरू किया गया है l इस अभियान का पहला चरण 1 जुलाई से 15 सितंबर तक चलने वाली है l

राज्य स्तर पर निर्णय लिया गया है कि उक्त कार्यक्रम राज्य के समस्त नगर निकायों में किया जाय l नगर परिषद झुमरी तिलैया के नगर प्रबन्धक सह नोडल पदाधिकारी जल शक्ति अभियान अरबिंद कुमार की अध्यक्षता में जल शक्ति अभियान के बिषय पर नगर परिषद कार्यालय में बैठक की गई l जिसमे जे जे कॉलेज झुमरी तिलैया के कई एन सी सी स्वयंसेवक शामिल हुए l नगर परिषद क्षेत्र के सभी 28 वार्डो में जे जे कॉलेज एवं आर एल एस वाई कॉलेज के 3-3 एनसीसी स्वयंसेवकों के समूह में जल मित्र बनाया गया है l नगर प्रबन्धक द्वारा बताया गया कि वर्षा जल संचयन, उपचारित अपशिष्ट जल का पुनः उपयोग, जल निकायों का कायाकल्प और पौधे लगाने की योजना जैसे विभिन्न उपायों को इस अभियान अवधि के दौरान मिशन मोड़ में करने का प्रयास की जाएगी l सभी वार्ड क्षेत्रों इस अभियान में कार्यक्रम करने की जरूरत है l

उक्त बैठक में जल सैनिकों ने इस अभियान को सफल बनाने हेतु अपनी अपनी बात रखा गया l अन्य विद्यालयों में जल संचयन एवं जल संरक्षण के लिए जागरूक लाई जाय। इसी उद्देश्य से नौनिहालों के बीच जल सभा आयोजित का आयोजन किया जाय। जल संचयन व जल संरक्षण को लेकर पेंटिंग, नुक्कड़ नाटक, वाद-विवाद व निबंध प्रतियोगिता आयोजित कर गोष्ठी कराने की बात कही गई l जलस्रोतों की जानकारी, जलस्तर की स्थिति, जल संचयन के उपाय के साथ ही जल की बर्बादी करने वाले कारकों पर चर्चा की गई l चयनित स्थलों व शहर के हर चौराहे पर नुक्कड़ सभाओं के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा सकता है l इसके अलावा स्कूलों के छात्रों, सक्रिय व्यक्तियों, स्वयंसेवियों, स्वयं सहायता समूहों, कालेज के छात्रों को इस मुहिम से जोड़ने से बेहतर परिणाम आ सकते हैं।

इस अभियान का मुख्य उद्देश्य जल संरक्षण के लाभों के बारे में जागरूकता पैदा करना, जल संसाधनों की कमी को दूर करना एवं जहाँ संभव हो बृक्षारोपण करना जिससे की पर्यावरण के साथ साथ जल संसाधन की समुचित संरक्षण के साथ उपयोग हो सके l सभी जल सेना द्वारा कम से कम 10 पेड़ लगाने एवं प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने का संकल्प लिया गया l

उक्त बैठक में नगर प्रबन्धक अरबिंद कुमार, पि आई उ मुकेश राना और एन सी सी के प्रांजली, प्रशांत, राखी, नीरज, निखिल, सुजीत, रिया, पूजा भारती, कामिनी, हीना, अरुण, अपूर्वा, रामजी, शुभम, अंकित भदानी, सचिन, विशाल, शिव, गगनदीप, विवेक, अमित, स्वीटी, संदीप आदि उपस्थित थे l