Beauty Tips: मुहासाें से छुटकारा पाने के लिए लगाएं केले का फेशियल मास्क लगाएं

Beauty Tips: मुहासाें से छुटकारा पाने के लिए लगाएं केले का फेशियल मास्क लगाएं

Beauty Tips: केला केवल हमारी स्वास्थ्य नहीं बनाता बल्कि इसका इस्तेमाल स्कीन को स्वस्थ और चमकदार बनाने के लिए भी किया जा सकता है. केले में विटामिन सी, ए, पोटैशियम, कैल्शियम, फॉस्फोरस और कार्बोहाइड्रेट्स भरपूर मात्रा में होते हैं, जो स्कीन के लिए कई तरह से लाभकारी होते हैं. आप एक केले को एक ऑल-नेचुरल, होममेड फेस मास्क के रूप में उपयोग कर सकते हैं जो आपकी स्कीन को मॉइस्चराइज करता है ताे आइए जानते हैं केले से तैयार किए जाने वाले फेसमास्क के बारे में जिसका इस्तेमाल आपकी स्कीन में नयी जान डाल देगा:-

ऐसे बनाएं फेस मास्क
- एक मध्यम आकार के पके केले मसल कर उसका पेस्ट बना लें, फिर इस पेस्ट काे धीरे से अपने चेहरे और गर्दन पर लगाएं. पेस्ट का 10 से 20 मिनट तक लगा रहने दें, फिर इसे ठंडे पानी से धो लें.इस पेस्ट का प्रयाेग हफ्ते में दाे बार करने से आपकी स्कीन हमेशा खिली-खिली रहेगी.

मुँहासाें के लिए
- 1/4 कप सादा दही, 2 बड़े चम्मच शहद, और एक केले का पेस्ट बना लें. और इस पेस्ट काे अपने चेहरे पर 10 से 20 मिनट के लिए छाेड़ दें. फिर ठंडे पानी से धाे लें. कुछ दिन इस पेस्ट के इस्तेमाल से आपके चेहरे से मुहासें गायब हाे जाएंगे.


आजादी और आध्यात्मिकता से जीवन हुआ आसान, स्त्रियों में बढ़ा 'हैप्पीनेस लेवल'

आजादी और आध्यात्मिकता से जीवन हुआ आसान, स्त्रियों में बढ़ा 'हैप्पीनेस लेवल'

Level of Happiness In Women : एक ताजा सर्वे में पता चला है कि कुछ दशक पहले की स्त्रियों की तुलना में आज की युवतियां अधिक खुश रहने लगी हैं और ये परिवर्तन उनमें अपनी लाइफ से जुड़ा हर निर्णय लेने की उनकी बड़ी हुई क्षमता की वजह से है दैनिक भास्कर अखबार में छपी न्यूज रिपोर्ट के मुताबिक अब उन्हें हल्की बातों, जैसे क्या पहनना है, क्या खाना है, कैसे बैठना या उठना है, इसके लिए किसी की इजाजत लेने की आवश्यकता नहीं है वो अपने निर्णय स्वयं ले सकती है इसमें आध्यात्मिकता भी एक वजह है जो स्त्रियों के ‘लेवल ऑफ हैप्पीनेस (Level of Happiness)’ को बढ़ा रही है

इस रिपोर्ट के अनुसार, पुणे के रिसर्च सेंटर ‘‘ ने देश के 29 राज्यों की 43 हजार से अधिक स्त्रियों से उनकी खुशी को लेकर प्रश्न किए इन स्त्रियों की आयु 18 वर्ष से लेकर 70 वर्ष के बीच की थी

सर्वे में क्या निकला?
सर्वे में स्त्रियों के साथ वार्ता में सामने आया कि कम आयु की युवतियां अपनी लाइफ से अधिक संतुष्ट हैं 18 से 40 वर्ष के बीच की कम से कम 80 फीसदी प्रतिभागियों ने स्वयं को खुश बताया इनमें से ज्यादातर महिलाएं आध्यात्म से भी जुड़ी हुई थीं, यानी पूजा-पाठ या किसी तरह का मेडिटेशन जैसी सक्रिय िटी से वो जुड़ी हुई थीं

आजादी स्त्रियों को खुशी दे रही
आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि हिंदुस्तान के अतिरिक्त दूसरे राष्ट्रों में भी स्त्रियों में हैप्पीनेस के लेवल को समझने के लिए स्टडी हुई है यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया द्वारा की गई ऐसी ही एक स्टडी के लिए डे रिकंस्ट्रक्शन मेथड (Day Reconstruction Method) की सहायता ली गई, जिससे ये समझने की प्रयास थी कि एक दिन में स्त्रियों के इमोशंस में कितना उतार-चढ़ाव आता है इसके नतीजों के मुताबिक आजादी स्त्रियों को खुशी दे रही है

पुरुषों के मुकाबले बेटर हैंडलर
इस स्टडी में ये भी पाया गया कि फिट रहना भी स्त्रियों को अधिक खुश रखता है शोध के अनुसार अभ्यास करना स्त्रियों को उनकी सैलरी मिलने जैसी खुशी देता है सर्वे में एक चौंकाने वाली बात ये भी सामने आई कि यदि महिला और पुरुष को एक जैसी कठिनाई दी गई, तो महिला उसे अधिक सरलता से डील करती है