आज दो वक्त की रोटी को मोहताज हुए विनोद कांबली

आज दो वक्त की रोटी को मोहताज हुए विनोद कांबली

Vinod Kambli: हिंदुस्तान के लिए क्रिकेट खेल चुके प्लेयर लाखों-करोड़ों के मालिक होते हैं. क्रिकेट से रिटायरमेंट लेने के बाद भी उन खिलाड़ियों के पास पूरी जीवन चलाने के लिए पर्याप्त पैसा होता है, लेकिन एक समय टीम इण्डिया के सबसे अंधाधुन्ध खिलाड़ियों में से एक प्लेयर के लिए अब अपना पेट पालना भी कठिनाई हो चुका है.

इस कद्दावर प्लेयर का नाम है विनोद कांबली. 50 वर्ष के विनोद कांबली को काम की तलाश है और वह मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन से गुहार भी लगा चुके हैं.

1993 में दिखाया था तूफानी बल्लेबाजी का नजारा

विनोद कांबली ने अपने शुरुआती सात मैच में ही 793 रन बनाकर तहलका मचा दिया था. बात 1993 की है. उस समय जब कोई बल्लेबाज 113.29 की हड़ताल दर से टेस्ट मुकाबलों में रन कूटे तो सोच लीजिए, बैटिंग कितनी विनाशकारी रही होगी. उस समय कांबली का 224 और 227 उनका बेस्ट स्कोर था, लेकिन ये कद्दावर आज इतना परेशान कि अपना परिवार चलाने के लिए मैदान पर कैसा भी काम करने को तैयार है.

पेंशन ही गुजारे का एक मात्र साधन है

जानकारी के अनुसार, विनोद कांबली को बीसीसीआई की तरफ से 30 हजार रुपए पेंशन मिलते हैं. ये पेंशन ही उनकी कमाई का एकमात्र जरिया है. इसके लिए वह बोर्ड का धन्यवाद भी करते हैं.

अब पहचानना भी मुश्किल

विनोद कांबली की उम्र 50 वर्ष हो चुकी है. कांबली को अब पहचानना थोड़ा कठिनाई लगता है. सफेद दाढ़ी और सिर पर हैट पहने जब वह एमसीए कॉफी शॉप में बीते दिनों पहुंचे तो दुबले-पतले नजर आए. इस दौरान उनके गले की गोल्ड चेन, हाथ का ब्रेसलेट, बड़ी सी घड़ी, सबकुछ गायब थी. यहां तक कि मोबाईल टेलीफोन की स्क्रीन भी टूटी हुई थी.

तेंदुलकर को सब पता है- कांबली

विनोद कांबली से जब पूछा गया कि क्या उनके बचपन के दोस्त सचिन तेंदुलकर को उनकी आर्थिक स्थिति के बारे में जानकारी है तो उन्होंने कहा, ‘उसे सबकुछ पता है. लेकिन मैं उनसे कोई आशा नहीं कर रहा. उन्होंने मुझे तेंदुलकर मिडलसेक्स ग्लोबल अकादमी में काम दिया. मैं काफी खुश था. वह बहुत अच्छे दोस्त रहे हैं. उन्होंने हमेशा मेरी सहायता की है.

सचिन के साथ स्कूली क्रिकेट में हुई थी बीच 664 रनों की पार्टनरशिप

स्कूली क्रिकेट में विनोद कांबली और सचिन तेंदुलकर के बीच 664 रनों की पार्टनरशिप हुई थी इसके बाद ये दोनों खिलाड़ी सुर्खियों में आ गए थे. विनोद कांबली हिंदुस्तान के एक प्रतिभाशाली क्रिकेटर रहे हैं, लेकिन 17 टेस्ट मैच और 104 वनडे के बाद ही विनोद कांबली का अंतर्राष्ट्रीय करियर समाप्त हो गया.

17 टेस्ट और 104 वनडे मैच खेले

विनोद कांबली ने अपने करियर में हिंदुस्तान के लिए 17 टेस्ट और 104 वनडे खेले हैं. उनके नाम वनडे में 1084 रन और टेस्ट में 2477 रन दर्ज हैं. वह बचपन में सचिन के साथ ही वह क्रिकेट खेला करते थे. अपने करियर की आरंभ भी उन्होंने दमदार अंदाज में की, लेकिन बाद में वह अपनी फॉर्म बरकरार नहीं रख सके और टीम से बाहर हो गए.