एक ही घर से निकली पिता-बेटे और बेटी की अर्थी, हर‍ किसी की आंखें थीं नम, परिवर में मचा कोहराम

एक ही घर से निकली पिता-बेटे और बेटी की अर्थी, हर‍ किसी की आंखें थीं नम, परिवर में मचा कोहराम

गिरिडीह झारखंड के गिरिडीह जिले के राजधनवार प्रखंड स्थित तारानाखो में शुक्रवार को एक परिवार पर गमों का पहाड़ टूट पड़ा एक ही घर से जब तीन जनाजे उठे तो कोहराम मच गया इस दौरान हर किसी की आंखों से आंसू बह रहे थे वहीं, मृतकों के परिजन और रिश्‍तेदारों का हाल बेहाल था ग्रामीणों और रिश्‍तेदारों ने तीनों को सुपुर्दे खाक कर दिया

जानकारी के अनुसार, यह केस घोरथम्भा ओपी के तारानाखो गांव की है शुक्रवार प्रातः काल एक शख्‍स, उनके बेटे और बेटी का मृत शरीर जब गांव पहुंचा तो परिजन बिलखने लगे पूरे गांव में मातमी सन्‍नाटा पसर गया चौदह वर्षीय रुकसाना का रो-रोकर बुरा हाल हो गया बता दें कि लोकल निवासी 45 वर्षीय अल्ताफ अंसारी पिता सलीम अंसारी ओडिशा के संबलपुर स्थित पिलसिन पाड़ा में बीते कई सालों से रहकर होटल में कार्य कर अपने परिवार का भरन-पोषण करते थे अल्‍ताफ ने कुछ महीने पहले अपने दो बच्चों को भी पढ़ाई के लिए अपने पास बुला लिया था मृतक के चाचा इकबाल अंसारी ने बताया कि सोमवार शाम तकरीबन 4 बजे अल्ताफ अपने 14 वर्षीय पुत्र आफताब अंसारी और 10 वर्षीय बेटी मुन्नी प्रवीण को लेकर बगल के महानदी में नहाने गगए थे दरअसल, दो दिन से बिजली नहीं आने के कारण मोहल्ले में पानी नहीं आया था

 इकबाल ने बताया कि जब अल्‍ताफ और उनके बच्‍चे नहा रहे थे तो उसी दौरान हीराकुंड डैम से पानी छोड़ दिया गया ऐसे में महानदी के तेज बहाव में मुन्नी बहने लगी उसे बचाने के लिए अल्‍ताफ ने ने नदी में छलांग लगा दी और दोनों डूब गए यह मंजर देख किनारे खड़े चौदह वर्षीय आफताब ने भी दोनों को बचाने के लिए नदी में छलांग लगा दी थी और वह भी डूब गया

सूचना मिलने पर पहुंचे लोकल ऑफिसरों ने ने करीब दो घंटे में ही पिता और पुत्र की डेड बॉडी को खोज निकाला, जबकि अल्‍ताफ की बेटी की डेड बॉडी को करीब 20 घंटे बाद खोज कर पोस्टमार्टम करवाया गया तमाम प्रक्रिया के बाद गुरुवार को तीनों की लाशें परिजनों को सौंप दी गईं अल्‍ताफ के परिवार में कुल 5 मेम्बर थे, जिनमें माता-पिता के अतिरिक्त दो बेटी और एक बेटा था इस घटना में पिता, पुत्र और एक पुत्री की मृत्यु हुई है शुक्रवार अहले प्रातः काल शवों के गांव पहुंचने पर उन्‍हें पारंपरिक ढंग से सुपुर्दे खाक किया गया इधर घटना के बाद मृतक की पत्नी, पुत्री समेत परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है


सिमडेगा पुलिस की कलंक कथा: रायपुर से 80 लाख की आभूषण चोरी केस में बड़ा खुलासा, बांसजोर के तालाब से मिले गहने

सिमडेगा पुलिस की कलंक कथा: रायपुर से 80 लाख की आभूषण चोरी केस में बड़ा खुलासा, बांसजोर के तालाब से मिले गहने

सिमडेगा पुलिस की कलंक कथा का पन्ना खुल गया है सूत्र बता रहे हैं कि छत्तीसगढ़ के रायपुर से चोरी हुए गहने पुलिस जवानों की निशानदेही पर तालाब से बरामद कर लिए गए हैं बता दें कि इस मुद्दे में पहले ही बांसजोर थाना प्रभारी निलंबित किये जा चुके हैं केस रायपुर से 80 लाख के गहनों की डकैती का है इस मुद्दे की पुलिस मुख्यालय के आदेश पर जाँच हुई है जो जानकारी सामने आ रही है इसके मुताबिक इस काण्ड में पुलिसकर्मियों ने रिकवर्ड किए गए जेवरातों के बारे में आधी-अधूरी जानकारी शेयर की थी और बरामद हुए गहनों की पूरी रिकवरी नहीं दिखाई गई थी पुलिसवालों से हुई पूछताछ के बाद ही ये गहने बरामद किए गए हैं हालांकि, एसपी सिमडेगा ने केवल इतनी ही पुष्टि की है कि कुछ गहने मिले हैं, पर कैसे मिले इसके खुलासे के लिए थोड़ा इन्तजार करें

बताया जा रहा है कि छत्तीसगढ़ के रायपुर में ज्वेलरी शोरूम से 80 लाख के गहनों की चोरी हुई थी मुद्दे में सिमडेगा पुलिस ने वाहन चेकिंग के दौरान आरोपियों को हिरासत में लिया था इसके बाद सिमडेगा पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी के गहने बरामद किए थे हालांकि 2 दिनों तक आरोपियों को पकड़ने के बाद इसकी सूचना छत्तीसगढ़ पुलिस से छिपाई गई थी इसके बाद 2 आरोपियों की गिरफ्तारी और 25 लाख के जेवरों की रिकवरी की ही जानकारी  दी गई थी

मामले को लेकर रायपुर पुलिस ने सिमडेगा के बांसजोर ओपी के पुलिसवालों की कार्यशैली पर संभावना जाहिर की थी छत्तीसगढ़ पुलिस ने झारखंड पुलिस के वरीय ऑफिसरों के साथ सबूत शेयर किए थे
मुद्दे की गंभीरता को देखते हुए बांसजोर ओपी प्रभारी को तब सस्पेंड कर दिया गया था वहीं मुद्दे की उच्चस्तरीय जाँच के लिए एसआईटी का गठन किया गया था