पाकिस्तान को सबक सिखाने की तैयारी में अमेरिका, खत्म कर सकता है गैर-नाटो सहयोगी देश का दर्जा

पाकिस्तान को सबक सिखाने की तैयारी में अमेरिका, खत्म कर सकता है गैर-नाटो सहयोगी देश का दर्जा

तालिबान की खुले आम मदद करने वाला पाकिस्तान अब अमेरिका के निशाने पर है। अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा है कि पाकिस्तान की पिछले बीस साल के दौरान की भूमिका की जांच की जाएगी। इसके साथ ही गैर नाटो सहयोगी के रूप में पाकिस्तान को मिला दर्जा खत्म करने की मांग उठी है।

9/11 हमले के बाद से अब तक पाकिस्तान ने जिस तरह से तालिबान को खड़ा करने में संरक्षण, मदद और अपनी जमीन उपलब्ध कराई है। इसको लेकर विदेश मंत्री को अमेरिकी सांसदों की नाराजगी का शिकार होना पड़ा है। पाक की भूमिका को लेकर भड़के सांसदों को बाइडन प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि इस देश की दोहरी भूमिका की जांच की जाएगी और जरूरत पड़ी तो कार्रवाई करेंगे।

टेक्सास से डेमोक्रेट सांसद जोक्विन कास्ट्रो ने बाइडन प्रशासन ने मांग की है कि गैर नाटो सहयोगी के रूप में अब तक पाकिस्तान का जो दर्जा है, उसे समाप्त कर दिया जाए। इस मांग का कई अन्य सांसदों ने समर्थन किया। सांसदों ने कहा कि पाकिस्तान से जिस तरह से तालिबान को पाला-पोसा ऐसी स्थिति में उसे सहयोगी मानना बड़ी भूल होगी।


एक सवाल के जवाब में विदेश मंत्री ने बताया कि उन्हें क्या पता था कि अशरफ गनी इस तरह से देश छोड़कर भाग जाएंगे। गनी से उनकी वार्ता 14 अगस्त को हुई थी। उस वार्ता में उन्होंने मौत तक से लड़ने की बात की थी।

संसद में विदेशी मामलों की उपसमिति के सदस्यों सहित कई सांसदों ने कहा कि पाकिस्तान ने अफगान मामले में हमेशा नकारात्मक भूमिका निभाई है। उसके हक्कानी नेटवर्क के साथ हमेशा से ही मजबूत संबंध रहे हैं। पाकिस्तान ही अफगानिस्तान में अमेरिकी सैनिकों की मौत का जिम्मेदार है।

एपी के अनुसार, अफगान मामले में विदेश मंत्री ब्लिंकन को रिपब्लिकन सांसदों के विरोध का भी सामना करना पड़ा। उनका जवाब था कि एक समझौता बाइडन प्रशासन को विरासत में ही मिला था।


एक साल में खत्म हो सकती है कोरोना महामारी, जानिए दिग्गज वैक्सीन निर्माता ने क्यों किया ये दावा

एक साल में खत्म हो सकती है कोरोना महामारी, जानिए दिग्गज वैक्सीन निर्माता ने क्यों किया ये दावा

पिछले डेढ़ साल से भी अधिक समय से दुनियाभर में जारी कोरोना महामारी ने हमारे जीवन को प्रभावित कर दिया है। पढ़ाई से लेकर कामकाज, व्यापार से लेकर नौकरी तक सभी को कोरोना ने गंभीर रूप से प्रभावित किया है। ऐसे में सभी लोगों के मन में बस एक सवाल है, आखिर कोरोना महामारी कब खत्म होगी? इसको लेकर दुनिया के एक दिग्गज वैक्सीन निर्माता ने बड़ा दावा किया है। माडर्ना वैक्सीन के निर्माण (एमआरएनए.ओ) और कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी स्टीफन बंसेल का मानना है कि कोरोना वायरस महामारी एक साल में खत्म हो सकती है।

उन्होंने स्विस अखबार नीयू ज़ुएर्चर ज़ितुंग को बताया कि वैक्सीन उत्पादन में वृद्धि से टीके के वैश्विक आपूर्ति में तेजी होगी। इसका मतलब हुआ कि वैक्सीन दुनिया के सभी कोनों तक तेजी से पहुंच सकेगी। उन्होंने एक इंटरव्यू में अखबार को बताया कि यदि आप पिछले छह महीनों में वैक्सीन की उत्पादन क्षमता को देखते हैं, तो अगले साल के मध्य तक पर्याप्त डोज उपलब्ध होनी चाहिए, जिससे इस धरती पर मौजूद सभी इंसानों को टीका लगाया जा सके। इतना ही नहीं, जिन्हें बूस्टर डोज की जरूरत है उन्हें भी वैक्सीन लग सकेगी। उन्होंने कहा कि जल्द ही शिशुओं के लिए भी कोरोना का टीकाकरण उपलब्ध होगा।


इसके बाद उन्होंने आगे कहा कि जो लोग वैक्सीन नहीं ले रहे हैं वे स्वाभाविक रूप से खुद को प्रतिरक्षित करेंगे क्योंकि डेल्टा वैरिएंट इतना संक्रामक है। इस तरह हम फ्लू जैसी स्थिति में समाप्त हो जाएंगे। आप या तो टीका लगवा सकते हैं और वायरस से संक्रमित होकर प्रतिरक्षा पा सकते हैं। यह पूछे जाने पर कि क्या इसका मतलब हुआ कि अगले साल की दूसरी छमाही में हम सामान्य स्थिति में लौट सकते हैं। इस पर उन्होंने कहा कि आज के जैसे हालात रहे तो एक साल में मुझे लगता है कि कोरोना महामारी खत्म हो सकती है।