कैसे शारीरिक गतिविधियों से बढ़ती है आपकी उम्र और कमी के क्या होते हैं परिणाम

कैसे शारीरिक गतिविधियों से बढ़ती है आपकी उम्र और कमी के क्या होते हैं परिणाम

शहरी लोगों का लाइफस्टाइल ऐसा हो गया है कि वॉक और एक्सरसाइज के लिए उनके पास वक्त ही नहीं रहता। घर और ऑफिस से बाहर निकलते ही गाड़ी तैयार रहती है और पैदल चलने का शायद ही कभी मौका मिलता हो। नतीजा ऐसे लोगों में बीमारियों और मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है।

‘द लैंसेट ग्लोबल हेल्थ’ में प्रकाशित एक नए अध्ययन के मुताबिक, दुनियाभर में हर साल कम से कम 3.9 मिलियन यानी 39 लाख लोगों की समय से पहले मौत हो रही है। इन मौतों का सबसे बड़ा कारण शारीरिक गतिविधियों में कमी और खराब खान-पान है, जो समय से पहले मृत्यु को आमंत्रित करते हैं।

ब्रिटेन के एडिनबर्ग विश्वविद्यालय के शोधकर्ता डॉ. पॉल केली ने कहा कि शारीरिक गतिविधि की कमी, खराब आहार, शराब पीना, और धूम्रपान करना आपके स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचा रहा है। अपने अध्ययन में इस रिसर्च टीम ने पाया कि जो लोग शारीरिक रूप से सक्रिय हैं, उनकी मौतों का अनुपात कम था।

टीम ने 168 देशों के पहले से प्रकाशित आंकड़ों को देखा। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने सप्ताहभर में कम से कम 150 मिनट की मध्यम-तीव्रता वाली एरोबिक गतिविधि की सिफारिश की है या 75 मिनट की जोरदार-तीव्रता वाली गतिविधि करने को कहा है।

ब्रिटेन के कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय की स्टडी रिसर्चर टेसा स्ट्रेन ने कहा कि चाहे खेल हो, जिम या फिर लंच के समय सिर्फ तेज चलने से भी आप तंदुरुस्त रह सकते हैं।

शोधकर्ताओं ने आंकड़ों का विश्लेषण कर पाया कि विश्व स्तर पर, जो लोग शारीरिक गतिविधियों से जुड़े थे, उनमें समय से पहले होने वाली मौतों की संख्या औसतन (औसतन) 15 प्रतिशत कम थी, जो कि महिलाओं के लिए 14 प्रतिशत और पुरुषों के लिए 16 प्रतिशत थी। यह लगभग 3.9 मिलियन यानी 39 लाख लोगों के प्रतिवर्ष जीवन बचाने जितनी है। निष्कर्षो से यह भी पता चला है कि कम आय वाले देशों में यह औसतन 18 फीसदी और उच्च आय वाले देशों के लिए औसतन 14 प्रतिशत थी। 


कहीं आपको भी बार-बार खाने की आदत तो नहीं हैं, जानें

कहीं आपको भी बार-बार खाने की आदत तो नहीं हैं, जानें

सभी लोगों की ईटिंग हैबिट अलग-अलग होती है। कुछ लोग हेल्थ को लेकर इतना ज्यादा सतर्क होते हैं कि एक-एक बाइट की कैलॉरी काउंट कर लेते हैं। तो कुछ लोग ऐसे भी होते हैं, जो खाने को काफी तरजीह देते हैं, ऐसे लोग हर वक्त कुछ ना कुछ खाना पसंद करते हैं, ताकि उनकी सेहत बनी रहे। लेकिन लोगों की इन आदतों का सेहत पर बुरा असर पड़ता है। इन्हीं आदतों को ईटिंग डिसऑर्डर यानी खान-पान से जुड़ी बीमारी कहा जाता है।

ईटिंग डिसऑर्डर क्या है?

यह एक तरह का मेंटल डिसऑर्डर होता है, जिसमें व्यक्ति कभी तो जरूरत से भी ज्यादा खाता है तो कभी बहुत ही कम खाता है। इतना कम कि उसका वजन कम हो जाता है और बॉडी मास भी घट जाता है। कई लोग मोटापे से निजात पाने के लिए ना सिर्फ खाने से परहेज करते हैं, बल्कि शरीर में मौजूद कैलॉरी को घटाने के लिए हानिकारक तरीकों का सहारा लेते हैं, जिससे बुरा असर पड़ता है। आप भी अपनी खान-पान की आदतों से परेशान हैं तो हो सकता है आप भी ईटिंग डिसऑर्डर की शिकार हैं। जानें- कैसे इस परेशानी से निजात पाई जा सकती है।

ईटिंग डिसऑर्डर से बचाव

1- ईटिंग डिसऑर्डर से बचने के लिए रोजाना तीनों वक्त का खाना जरूर खाएं। तीनों टाइम पौष्टिक आहार लेने की कोशिश करें। सही समय पर ब्रेकफस्ट, लंच और डिनर करें।

2- अगर आपको कम खाने की आदत है तो आप एक दम अपनी खाने की आदत में सुधार नहीं कर सकते। आप धीरे-धीरे खाने की आदत डालें। अपने खाने में दही, फ्रूट्स, छाछ के अलावा हरी पत्तेदार सब्जियां और फल शामिल करें। ब्रेकफस्ट न करने का मन हो तो एक रोटी खा लें। धीरे-धीरे खाने की मात्रा को सामान्य करने की कोशिश करें। ऐसा करने से आपको सही खान-पान की आदत हो जाएगी।

3- कई लोग दोस्तों और अन्य लोगों के प्रेशर में आकर खाना-पीना छोड़ देते हैं। ऐसा बिल्कुल भी न करें। लोगों की बातों पर ध्यान न दें और एक हेल्दी लाइफस्टाइल फॉलो करें।

4-जबरदस्ती खाने की आदत को बदलें। हर वक्त खाने से होने वाले फायदे के बारे में नहीं सोचें। जब भूख लगे, तब खाएं। जबरदस्ती भूखा न रहें। सही वक्त पर खाएं। ऐसा करने से न सिर्फ खान-पान संबंधी बीमारी दूर हो जाएगी, बल्कि आप हेल्दी भी हो जाएंगे।

5- नियमित तौर पर थोड़ी मात्रा में कुछ हेल्दी खाने की आदत डालें।

6- ईटिंग डिसऑर्डर का इलाज इस बात पर निर्भर करता है कि व्यक्ति में खान-पान संबंधी बीमारी किस तरह की है और उसका लेवल क्या है। ईटिंग डिसऑर्डर के लिए कई तरह की थेरैपी दी जाती है, जिसमें आर्ट थेरैपी, रिक्रिएशन थेरैपी और म्यूजिक थेरैपी प्रमुख हैं। इसके अलावा बिहेवियरल थेरैपी, कॉग्निटिव रेमेडिएशन थेरैपी, फैमिली थेरैपी और इंटरपर्सनल सायकोथेरैपी भी की जाती हैं।


दुनिया के सबसे बड़े क्रिकेट स्टेडियम का नाम रखा गया नरेंद्र मोदी स्टेडियम       खेल दी 152 रन की पारी और लगाए 5 छक्के 14 चौके, विराट की टीम के ओपनर बल्लेबाज ने मचाया हड़कंप       क्या है India vs England के बीच खेले जाने वाले डे-नाइट टेस्ट की टाइमिंग       नेशनल ड्यूटी के लिए IPL को भी छोड़ सकता है ये खिलाड़ी       रॉबिन उथप्पा व विष्णु विनोद के शतक से सचिन बेबी की टीम को मिली जीत       Happy Birthday Divya Bharti: एक्टिंग के लिए इस एक्ट्रेस ने 16 साल की उम्र में छोड़ दी थी पढ़ाई       Shilpa Shetty In Maldives: इस एक्ट्रेस ने पति संग मालदीव्स में की Pawri       OMG! Aamir Khan के भांजे इमरान ने कजिन जाएन मेरी की कराई शादी       टीज़र देख क्या बोले अक्षय कुमार, प्रियंका चोपड़ा और करण जौहर       जॉन अब्राहम और इमरान हाशमी के बीच कांटे की टक्कर       क्या आपको भी सपने में दिखती हैं ये चीजें तो...       मंगलवार के दिन हनुमानजी को इस उपाय से करें प्रसन्न       रवि योग में जया एकादशी आज, जानें मुहूर्त, राहुकाल एवं दिशाशूल       आज है प्रदोष व्रत, जानें किस मुहूर्त में करें पूजा और इसका धार्मिक मान्यता       महानंदा नवमी आज, पढ़ें 21 फरवरी 2021 का पंचांग, जानें       मैं दूसरों को हंसाता हूं, स्वयं दुखी रहता हूं, फैन्स ने भेजा अभिनेता को प्यार : धर्मेंद्र       अभिषेक बच्चन और बेटी आराध्या संग कजिन की विवाह में शामिल हुईं ऐश्वर्या राय बच्चन       सोनू सूद खोलने जा रहे हैं नींबू पानी की दुकान       डिलीवरी के बाद करीना कपूर ने किया पहला इंस्टाग्राम पोस्ट       अभिनव शुक्ला ने अब जाकर किया खुलासा, क्यों हुई थी रुबीना दिलैक से तलाक की बात?